निर्भय उर्फ बिरसेन को मिला जिलगा सबजोन का जिम्मा
रामचंद्र कुमार अंजाना। बोकारो थर्मल
नक्सली संगठन भाकपा (माओवादी) के शीर्ष माओवादी मिथिलेश दा उर्फ दुर्योंधन महतो उर्फ अवधेश पत्नी ननकी कोड़ा उर्फ सुजाता के साथ सरेंडर करने के बाद 25 लाख के इनामी माओवदी निर्भय उर्फ बिरसेन उर्फ रघुनाथ हेम्ब्रम को उतरी छोटानागपुर जोनल कमेटी के अंतगर्त जिलगा सबजोन का जिम्मा मिला है। माओवदी निर्भय उर्फ बिरसेन संगठन में सैक का सदस्य है। वह गिरीडीह के डुमरी थाना क्षेत्र के जरीडीह गांव के रहने वाला है।

कोरोना से पीड़ित था माओवादी मिथिलेश दा उर्फ दुर्योंधन महतो
शीर्ष माओवादी मिथिलेश दा उर्फ दुर्योंधन महतो कोरोना और मलेरिया से पीड़ित था। कई बार संगठन को सूचित कर उचित इलाज के लिए गुहार लगाया था। लेकिन संगठन की और ध्यान नहीं दिए जाने पर वह नाराज था। दुसरी और बढ़ती उम्र भी मिथिलेश पर भारी पर पड़ रहा था। इतना ही नहीं परिवारिक दबाव था।
जिलगा जोन में माओवादी बैकफुट पर
शीर्ष माओवादी मिथिलेश दा उर्फ दुर्योंधन महतो उर्फ अवधेश पत्नी संग पुलिस के समक्ष सरेंडर के पश्चात जिलगा जोन में संगठन बैकफुट में आ गया है। इससे पहले माओवादी कारू यादव की मुंबई में गिरफ्तारी से माओवादी मिथिलेश दा उर्फ दुर्योंधन महतो पूरी तरह से टूट चुका था।
जिलगा सबजोन में 22 हथियारबंद माओवादी बचे हैः सूत्रों ने बताया कि जिलगा सबजोन में अब मात्र 22 हथियारबंद माओवादी बचे है। जिसमें 7 महिला माओवादी शामिल है। 15 जनवरी की रात ही शीर्ष माओवादी मिथिलेश उर्फ दुर्योंधन महतो संगठन का लगभग 53 लाख नगद और 83 हजार का मोबाइल सहित डिजीटल उपकरण के साथ फरार हो गया है। फरार होने के बाद संगठन ने उसे निलबिंत कर गद्दार घोषित कर दिया है।





