यूपी

बिग ब्रेकिंग : बीडीए और जिला प्रशासन ने माना अवैध है इंटरनेशनल सिटी, माननीय हाईकोर्ट ने कहा- ये तो ट्विन टावर से भी बड़ा मामला है, जानिये हाईकोर्ट ने और क्‍या कहा?

नीरज सिसौदिया, बरेली

आठ हजार करोड़ रुपये कीमत के तालाबों को पाटकर बनाई गई इंटरनेशनल सिटी अब कॉम्पिटेंट बिल्‍डरों के गले की फांस बनती जा रही है। बरेली विकास प्राधिकरण और जिला प्रशासन ने यह स्‍वीकार कर लिया है कि इस इंटरनेशनल सिटी को गलत तरीके से डेवलप किया गया है। माननीय इलाहाबाद उच्‍च न्‍यायालय ने इस पर कड़ी टिप्‍पणी करते हुए कहा है कि यह मामला तो नोएडा के ट्वनि टावर से भी बड़ा मामला है।
बता दें कि बरेली के फरीदपुर रोड स्थित इंटरनेशनल सिटी को कॉम्पिटेंट बिल्‍डर्स की ओर से डेवलप किया गया था। लगभग पांच-छह सौ एकड़ के दायरे में फैली इस कॉलोनी में कुछ सीनियर पीसीएस अफसर एवं राजनेताओं के भी मकान हैं। इंटरनेशनल सिटी उस वक्‍त विवादों में आ गई जब जिला सहकारी संघ के पूर्व चेयरमैन महेश पांडेय ने इसकी शिकायत प्रशासनिक अधिकारियों से की थी। इसके बवजूद जब प्रशासनिक अधिकारियों ने कोई कार्रवाई नहीं की तो उन्‍होंने अदालत का दरवाजा खटखटाया। अब मामला माननीय इलाहाबाद हाईकोर्ट में है और विगत तीस अगस्‍त को माननीय हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस राजेश बिंदल इसकी सुनवाई कर रहे हैं। इस मामले में उन्‍होंने बरेली विकास प्राधिकरण और जिला प्रशासन के अधिकारियों को जवाब दाखिल करने को कहा था। वादी महेश पांडेय ने बताया कि विगत 29 अगस्‍त को दोपहर ढाई बजे जिला प्रशासन की ओर से माननीय हाईकोर्ट में दाखिल किए गए अपने जवाब में कहा गया कि इंटरनेशनल सिटी के निर्माण में यूपी जेडए एंड एलआर एक्‍ट की धारा 154 का उल्‍लंघन किया गया है और प्रश्‍नगत भूमि कृषि सीलिंग एक्‍ट से प्रभावित है।

महेश पांडेय, शिकायतकर्ता वादी

वहीं, बरेली विकास प्राधिकरण की ओर से दाखिल किए गए जवाब में कहा गया है कि इंटरनेशनल सिटी अवैध है जिसे बीडीए की ओर से सील कर दिया गया है और इसका काम रुकवा दिया गया है। तीस अगस्‍त को महेश पांडेय ने जिला प्रशासन के जवाब के संबंध में रीज्‍वाइंडर लगा दिया है। जिसमें कहा गया है कि प्रशासननिक अधिकारी आज भी भूमाफियाओं को बचा रहे हैं। महेश पांडेय ने बताया कि इसे गंभीरता से लेते हुए माननीय हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस राजेश बिंदल ने कड़ी टिप्‍पणी करते हुए कहा कि तालाब चाहे किसी की बाउंड्री वॉल के अंदर ही क्‍यों न हों उन्‍हें संरक्षित किया जाना चाहिए। उन्‍होंने कहा कि यह मामला नोएडा के ट्विन टावर के मामले से भी गंभीर प्रतीत होता है। इसके साथ ही उच्‍च न्‍यायालय ने मामले की अगली सुनवाई के लिए आगामी 26 सितंबर की तिथि निर्धारित कर दी है।

बता दें कि महेश पांडेय वर्सेज कॉम्पिटेंट बिल्‍डर्स के इस मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी या सीबीआई जांच की भी संभावना जताई जा रही है। कॉम्पिटेंट बिल्‍डर्स के मालिकानों में विपिन अग्रवाल, परेश अग्रवाल, राजू खंडेलवाल, राजेश गुप्‍ता, रामअसारे शर्मा आदि शामिल हैं।

Facebook Comments

प्रिय पाठकों,
इंडिया टाइम 24 डॉट कॉम www.indiatime24.com निष्पक्ष एवं निर्भीक पत्रकारिता की दिशा में एक प्रयास है. इस प्रयास में हमें आपके सहयोग की जरूरत है ताकि आर्थिक कारणों की वजह से हमारी टीम के कदम न डगमगाएं. आपके द्वारा की गई एक रुपए की मदद भी हमारे लिए महत्वपूर्ण है. अत: आपसे निवेदन है कि अपनी सामर्थ्य के अनुसार नीचे दिए गए बैंक एकाउंट नंबर पर सहायता राशि जमा कराएं और बाजार वादी युग में पत्रकारिता को जिंदा रखने में हमारी मदद करें. आपके द्वारा की गई मदद हमारी टीम का हौसला बढ़ाएगी.

Name - neearj Kumar Sisaudiya
Sbi a/c number (एसबीआई एकाउंट नंबर) : 30735286162
Branch - Tanakpur Uttarakhand
Ifsc code (आईएफएससी कोड) -SBIN0001872

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *