नीरज सिसौदिया, बरेली
समाजवादी पार्टी की ओर से सोमवार को आईएमए हॉल में आयोजित बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) का प्रशिक्षण शिविर एक साथ कई संदेश दे गया। पार्टी के दो दिग्गज नेता इस सम्मेलन से नदारद रहे। इनमें पहला नाम कैंट विधानसभा सीट से वर्ष 2022 के चुनाव में समाजवादी पार्टी के टिकट के चुनाव लड़ने वाली सुप्रिया ऐरन का है तो दूसरा नाम पिछले दिनों कैंट विधानसभा सीट से टिकट की दावेदारी करने वाले आरके शर्मा का है। पार्टी के विश्वसनीय सूत्र बताते हैं कि शिविर से नदारद रहने वाले इन दोनों ही नेताओं ने इस आयोजन में किसी भी प्रकार का सहयोग नहीं किया। यह पूरा कार्यक्रम टिकट के प्रमुख दावेदारों शहर सीट से सपा के पूर्व प्रत्याशी राजेश अग्रवाल, डॉक्टर अनीस बेग, इंजीनियर अनीस अहमद खां और संजीव सक्सेना सहित अन्य दावेदारों के सहयोग से आयोजित किया गया था। इनमें से डॉक्टर अनीस बेग, राजेश अग्रवाल और इंजीनियर अनीस अहमद खां ने बीएलए बनाने में भी अहम भूमिका निभाई है। यही वजह रही कि इस सम्मेलन के बाद प्रमुख रूप से चर्चा के केंद्र में भी यही तीन चेहरे रहे।
इस सम्मेलन में पूर्व प्रत्याशी सुप्रिया ऐरन के शामिल न होने और सहयोग न किए जाने के सवाल पर पार्टी के एक पदाधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि सुप्रिया ऐरन देश से बाहर हैं और उनके पति एवं पूर्व सांसद प्रवीण सिंह ऐरन आगामी 4 जनवरी को होने वाले शहर विधानसभा क्षेत्र के बीएलए के सम्मेलन के लिए पूरा सहयोग कर रहे हैं और वह खुद भी इस सम्मेलन में शामिल होंगे। स्पष्ट है कि सुप्रिया ऐरन इस बार कैंट विधानसभा सीट से दूरी बना चुकी हैं और उनकी नजर शहर विधानसभा सीट पर है। हालांकि, सुप्रिया ऐरन इस बात की पुष्टि नहीं करतीं।
वहीं, आरके शर्मा के इस आयोजन से दूरी बनाने की वजह पूछे जाने पर पार्टी के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि वह प्रदेश से बाहर हैं इसलिए न तो कार्यक्रम में आ सके हैं और न ही कोई सहयोग कर पाए हैं।
इस कार्यक्रम के सफल आयोजन ने यह साफ कर दिया है कि कैंट विधानसभा सीट पर समाजवादी पार्टी के गंभीर और सक्रिय उम्मीदवार सिर्फ डॉक्टर अनीस बेग, राजेश अग्रवाल और इंजीनियर अनीस अहमद खां ही हैं जो बूथ लेवल तक काम कर रहे हैं। ये सभी पिछले विधानसभा चुनाव के बाद से ही सक्रिय हो गए थे। इनमें डॉक्टर अनीस बेग जहां प्रचार के मामले में सबसे आगे नजर आ रहे हैं तो वहीं राजेश अग्रवाल जनता के मुद्दों की लड़ाई लड़ने और जनसमस्याओं को लेकर धरना-प्रदर्शन करने में पहले पायदान पर दिखाई देते हैं। इंजीनियर अनीस अहमद खां संगठन को मजबूती देने में अहम भूमिका निभाते नजर आए हैं। उन्हें संगठन की ओर से सौ बूथों पर एसआईआर प्रक्रिया की जिम्मेदारी भी सौंपी गई थी जिन्हें उन्होंने बाखूबी पूरा किया। हालांकि, बीएलए बनाने में डॉक्टर अनीस बेग और राजेश अग्रवाल की सक्रियता भी उल्लेखनीय रही है।

आरके शर्मा ने बनाई दूरी, ऐरन ने छोड़ी कैंट विधानसभा, समाजवादी पार्टी के कैंट सीट के बीएलए प्रशिक्षण शिविर में नहीं पहुंचे दोनों नेता, न सहयोग किया, सिर्फ राजेश अग्रवाल, अनीस बेग और इंजी. अनीस अहमद की रही अहम भूमिका, पढ़े क्या-क्या संदेश दे गया सपा का बीएलए सम्मेलन?




