नीरज सिसौदिया, नई दिल्ली उत्तर प्रदेश में प्राथमिक शिक्षा व्यवस्था और युवाओं के रोजगार को लेकर एक गंभीर तस्वीर सामने आई है। परिषदीय विद्यालयों में शिक्षक बनने के लिए अनिवार्य माने जाने वाले डीएलएड (डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन) पाठ्यक्रम में इस बार आधे से अधिक सीटें खाली रह गई हैं। स्थिति यह है कि प्रवेश […]

