नीरज सिसौदिया, बरेली
बरेली। प्रभु यीशु मसीह के यरूशलेम में विजयी प्रवेश की स्मृति में मनाए जाने वाले ‘पाम संडे’ के पावन अवसर पर रविवार को बरेली शहर का माहौल श्रद्धा, आस्था और भाईचारे के रंग में रंगा नजर आया। ईसाई समाज द्वारा निकाले गए पारंपरिक और भव्य जुलूस ने न केवल धार्मिक उत्साह का संदेश दिया, बल्कि शहर की गंगा-जमुनी तहजीब और सांप्रदायिक सौहार्द की एक प्रेरक तस्वीर भी प्रस्तुत की। इस पूरे आयोजन में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं कैंट विधानसभा क्षेत्र के लोकप्रिय जनप्रतिनिधि डॉ. अनीस बेग विशेष रूप से केंद्र में रहे, जिन्होंने अपने समर्थकों के साथ जुलूस का आत्मीय और भव्य स्वागत कर लोगों का दिल जीत लिया।

सुबह से ही शहर के मसीही समाज में उत्साह का माहौल था। सालबेशन आर्मी चर्च से विशेष प्रार्थना सभा के बाद जुलूस की शुरुआत हुई। हाथों में खजूर की डालियां लिए बच्चे, महिलाएं, युवा और बुजुर्ग प्रभु यीशु के स्वागत में “होसन्ना-होसन्ना” के जयघोष करते हुए आगे बढ़ रहे थे। पूरा वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर था। जुलूस शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरता हुआ क्राइस्ट मेथोडिस्ट चर्च की ओर बढ़ा, जहां विशेष आराधना का आयोजन किया गया।

जैसे ही यह जुलूस दामोदर पार्क के समीप पहुंचा, वहां पहले से अपने समर्थकों के साथ मौजूद डॉ. अनीस बेग ने जिस गर्मजोशी और सम्मान के साथ इसका स्वागत किया, वह पूरे आयोजन का सबसे आकर्षक और चर्चित क्षण बन गया। डॉ. बेग ने पुष्प वर्षा कर जुलूस का इस्तकबाल किया। फूलों की बारिश के बीच जब मसीही समाज के लोग आगे बढ़े तो वहां मौजूद लोगों ने तालियों से इस दृश्य का स्वागत किया। इस अवसर पर डॉ. अनीस बेग ने ईसाई समाज को पाम संडे की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए कहा कि “बरेली की पहचान उसकी मोहब्बत, भाईचारे और गंगा-जमुनी तहजीब से है। यहां सभी धर्मों के लोग एक-दूसरे के पर्वों में शामिल होकर प्रेम और एकता का संदेश देते हैं। यही हमारी असली संस्कृति है, जिसे हमें हर हाल में मजबूत बनाए रखना है।”

डॉ. अनीस बेग का यह संदेश वहां उपस्थित लोगों के बीच गहरी छाप छोड़ गया। स्थानीय नागरिकों और ईसाई समाज के लोगों ने उनके इस स्वागत को केवल एक औपचारिकता नहीं, बल्कि सामाजिक समरसता के प्रति उनकी सच्ची प्रतिबद्धता के रूप में देखा। उनके समर्थकों ने भी पूरे उत्साह के साथ जुलूस में शामिल श्रद्धालुओं का अभिनंदन किया और उन्हें शुभकामनाएं दीं।

जुलूस का नेतृत्व कर रहे बिशप इग्निशियस, जुलूस इंचार्ज रेव. परमिंदर मैसी, बरेली चर्च एसोसिएशन के रेव. अनिल मैसी, रेव. विलियम सैमुअल, रेव. जलाल मैसी, रेव. संजय पॉल, रेव. मेलविन चार्ल्स और रेव. अशर्फी लाल सहित अन्य धर्मगुरुओं ने डॉ. अनीस बेग द्वारा किए गए इस आत्मीय स्वागत की खुलकर सराहना की। धर्मगुरुओं ने कहा कि ऐसे अवसर समाज में विश्वास, सहयोग और आपसी सम्मान को मजबूत करते हैं। उन्होंने डॉ. बेग को धन्यवाद देते हुए कहा कि उनका यह कदम आने वाली पीढ़ियों के लिए भाईचारे की एक सुंदर मिसाल है।

इस पूरे आयोजन में डॉ. अनीस बेग का व्यक्तित्व एक ऐसे जननेता के रूप में उभरकर सामने आया, जो केवल राजनीति तक सीमित नहीं बल्कि हर धर्म और हर समुदाय के सुख-दुख में सहभागी रहते हैं। कैंट विधानसभा क्षेत्र में उनकी लोकप्रियता का एक बड़ा कारण यही माना जाता है कि वे हर सामाजिक और धार्मिक कार्यक्रम में समान सम्मान और संवेदनशीलता के साथ उपस्थित रहते हैं। पाम संडे जुलूस के स्वागत में उनकी सक्रिय भागीदारी ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि वे समाज में एकता और सद्भाव को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हैं।

इस अवसर पर समाजवादी पार्टी के महानगर अध्यक्ष शमीम खान सुल्तानी, कैंट विधानसभा अध्यक्ष हरिओम प्रजापति, कैंट विधानसभा प्रभारी राजेश मौर्य, महिला सभा की जिला अध्यक्ष स्मिता यादव, खुसरो मिर्ज़ा, आदिल बेग, राजेश यादव, डालचंद, आशीष मैसी, तरुण जोसेफ, हर्ष मैसी और सोनू मैसी सहित बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।

कुल मिलाकर पाम संडे का यह जुलूस केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं रहा, बल्कि बरेली में सांप्रदायिक सौहार्द, प्रेम और सामाजिक एकता का जीवंत उत्सव बन गया। इस आयोजन में डॉ. अनीस बेग की भूमिका सबसे प्रमुख रही, जिन्होंने अपने स्वागत और संदेश से यह स्पष्ट कर दिया कि समाज की मजबूती का आधार केवल विकास नहीं, बल्कि आपसी सम्मान और भाईचारा भी है। बरेली की धरती पर ऐसा दृश्य शहर की साझा संस्कृति को और भी मजबूत करने वाला साबित हुआ।





