यूपी

जहां कभी पढ़ते थे, आज उसी विद्यालय के लिए बने सहारा, डॉ. अनीस बेग ने अपनी पुरानी पाठशाला को दिया तोहफा, मौलाना आज़ाद इंटर कॉलेज में लगवाया आधुनिक वाटर कूलर, बोले- ‘यहीं से मिली थी जिंदगी की पहली सीख, आज कुछ लौटाने का मौका मिला’

Share now

नीरज सिसौदिया, बरेली
इंसान चाहे जिंदगी में कितना भी आगे क्यों न निकल जाए, लेकिन उसकी पुरानी पाठशाला से जुड़ी यादें कभी धुंधली नहीं पड़तीं। कुछ ऐसा ही भावुक पल उस समय देखने को मिला, जब समाजसेवी और कैंट विधानसभा से समाजवादी पार्टी के टिकट के प्रबल दावेदार डॉ. अनीस बेग वर्षों बाद अपनी पुरानी पाठशाला मौलाना आज़ाद इंटर कॉलेज पहुंचे। फर्क सिर्फ इतना था कि कभी इसी विद्यालय की बेंच पर बैठकर पढ़ने वाले छात्र आज उसी स्कूल के विद्यार्थियों के लिए एक ऐसी सौगात लेकर आए, जो आने वाले वर्षों तक हजारों बच्चों की प्यास बुझाएगी।


डॉ. अनीस बेग ने विद्यालय परिसर में आधुनिक वाटर कूलर का लोकार्पण किया। इस दौरान विद्यालय का माहौल भावनाओं और अपनत्व से भर उठा। शिक्षकों के चेहरे पर अपने पुराने छात्र की उपलब्धि का गर्व था, जबकि विद्यार्थियों के लिए यह किसी प्रेरणा से कम नहीं था कि इसी स्कूल से पढ़ा एक छात्र आज समाज में पहचान बनाने के बाद अपने विद्यालय का ऋण चुकाने लौटा है।
लोकार्पण के बाद डॉ. अनीस बेग ने अपने छात्र जीवन को याद करते हुए कहा कि उन्होंने हाईस्कूल की शिक्षा इसी मौलाना आज़ाद इंटर कॉलेज से प्राप्त की थी। विद्यालय का हर कोना आज भी उनकी यादों में बसा हुआ है।


उन्होंने कहा कि जब भी इस विद्यालय का नाम आता है तो बचपन के वे दिन आंखों के सामने ताजा हो जाते हैं, जब उन्होंने यहीं बैठकर सपने देखे थे। आज उन्हीं सपनों को साकार करने के बाद अपने विद्यालय के बच्चों के लिए कुछ करने का अवसर मिला है, जो उनके जीवन के सबसे संतोषजनक क्षणों में से एक है।
उन्होंने कहा, “यह कोई बड़ा काम नहीं है, बल्कि अपनी पाठशाला के प्रति मेरा छोटा-सा कर्तव्य है। यदि इससे बच्चों को गर्मी में ठंडा और स्वच्छ पानी मिल सके, तो मुझे खुशी होगी कि मैं अपने विद्यालय के लिए कुछ कर सका।”


विद्यालय के प्रधानाचार्य दुर्गेश कुमार ने डॉ. अनीस बेग की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि किसी पूर्व छात्र का अपनी पुरानी पाठशाला के प्रति ऐसा लगाव आज के समय में दुर्लभ है। उन्होंने कहा कि यह केवल एक वाटर कूलर का लोकार्पण नहीं, बल्कि शिक्षा के प्रति सम्मान और सामाजिक उत्तरदायित्व का संदेश है। ऐसे कार्य समाज के अन्य सक्षम लोगों को भी प्रेरित करते हैं कि वे अपने पुराने विद्यालयों की आवश्यकताओं को पूरा करने में सहयोग करें।


प्रधानाचार्य ने कहा कि अब विद्यालय के छात्र-छात्राओं को परिसर में ही स्वच्छ और ठंडा पेयजल उपलब्ध होगा, जिससे विशेषकर गर्मी के दिनों में उन्हें काफी राहत मिलेगी।
वाटर कूलर शुरू होते ही बच्चों के चेहरों पर खुशी साफ दिखाई दी। कई विद्यार्थियों ने डॉ. अनीस बेग का धन्यवाद करते हुए कहा कि अब उन्हें पीने के पानी के लिए परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।

राजनीति नहीं, सेवा का दिया संदेश

डॉ. अनीस बेग लंबे समय से सामाजिक कार्यों में सक्रिय हैं। शिक्षा, स्वास्थ्य और जरूरतमंद लोगों की सहायता से जुड़े विभिन्न कार्यों में उनकी भागीदारी लगातार देखने को मिलती रही है। मौलाना आजाद इंटर कॉलेज में वाटर कूलर लगवाने की इस पहल को भी स्थानीय लोग समाज सेवा की उसी कड़ी के रूप में देख रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना था कि किसी भी व्यक्ति के लिए सबसे बड़ा सम्मान यही होता है कि वह उस संस्थान को याद रखे, जहां से उसने जीवन की शुरुआत की हो। डॉ. अनीस बेग ने अपने विद्यालय के लिए यह योगदान देकर यह संदेश दिया है कि सफलता मिलने के बाद अपनी जड़ों को नहीं भूलना चाहिए।

समाज के लिए भी दिया सकारात्मक संदेश

कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने कहा कि यदि समाज के सक्षम लोग अपने पुराने विद्यालयों में इसी तरह छोटी-छोटी सुविधाएं उपलब्ध कराने का संकल्प लें तो सरकारी स्कूलों और इंटर कॉलेजों में पढ़ने वाले हजारों विद्यार्थियों का भविष्य और बेहतर बनाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि शिक्षा संस्थानों में इस प्रकार का सहयोग केवल संसाधन उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ी के बेहतर भविष्य में निवेश करना है।

कई गणमान्य लोग रहे मौजूद

इस अवसर पर डॉ. अनीस बेग के साथ ऋषि यादव, बीना गौतम, नदीम अंसारी, राकेश यादव सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे। सभी ने इस जनहितकारी पहल की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में ऐसे प्रयास समाज के लिए प्रेरणास्रोत हैं।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय परिवार ने डॉ. अनीस बेग का आभार व्यक्त किया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *