सोहना, संजय राघव
सोहना कस्बे में बेशकीमती सरकारी भूमि पर अवैध कब्ज़ा किये जाने का मामला प्रकाश में आया है| उक्त भूमि कस्टोडियन विभाग की है| जिसका कुल रकबा तीन मरले (करीब सौ वर्ग गज) है| उक्त भूमि पर कई दिनों से लगातार अवैध निर्माण जारी है| हैरत की बात हिया कि इस भूमि को करीब 20 वर्ष पूर्व विभागीय खुली बोली में एक व्यक्ति द्वारा ख़रीदा जा चुका है| जिसकी राशी विभाग के खाते में आजतक भी जमा है| वहीँ प्रशासन व संबंधित विभाग सबकुछ देखकर भी अनदेखा कर रहा है| जिसके चलते स्थानीय नागरिकों में भारी रोष व गुसा पनप रहा है| नागरिकों ने उक्त मामले की शिकायत उपायुक्त गुरुग्राम व मुख्यमंत्री हरियाणा को किये जाने की बात कही है|
इसको अधिकारियों की मनमानी कहें अथवा आपसी सांठ-गाँठ| जो अवैध कब्ज़ाधारी बेखौफ होकर सरकारी जमीन को अपनी बतलाकर जबरन कब्ज़ा करने में लगे हुए हैं| किन्तु प्रशासन व संबंधित विभाग मानों कुम्भकर्णी नींद में सोया हुआ है तथा प्रशासन ने अभी तक भी अवैध निर्माण को बंद नही कराया है| जबकि सरकार ने अविध निर्माणों पर पूर्ण रूप से प्रतिबन्ध लगाया हुआ है| विवरण अनुसार कस्बे के वार्ड नंबर-18 में स्थित लोक निर्माण विभाग कार्यालय के साथ कस्टोडियन विभाग की तीन मरले भूमि स्थित है| उक्त भूमि खाली अवस्था में है| भूमि का इंद्राज राजस्व रेकॉर्ड में 172 का 27 पर दर्ज है| किन्तु इसके विपरीत अवैध अतिक्रमणकारी उक्त भूमि को अपनी निजी संपत्ति बतलाकर बेखौफ होकर जबरन कब्ज़ा करने में जुटे हुए हैं| जिससे प्रशासन की निष्क्रिय कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लग रहे हैं| बता दें कि उक्त भूमि को कस्टोडियन विभाग ने वर्ष 1999 में खुली बोली लगाकर एक व्यक्ति के नाम कर दिया था| जिसकी कीमत 25 हज़ार रूपए निर्धरित की गई थी| उक्त व्यक्ति ने विभागीय नियमानुसार 25 प्रतिशत राशी का मौके पर ही भुगतान कर दिया था| उक्त राशी विभागीय कोष में आजतक भी जमा है|
क्या कहते हैं अधिकारी
कस्टोडियन विभाग के हैड क्वार्टर तहसीलदार राजबीर का कहना है कि मामला उनके संज्ञान में आ चुका है| जिसके लिए जिले के अधिकारियों को मौका स्थल पर भेज दिया गया है|
सोहना नगरपरिषद् बिल्डिंग इंस्पेक्टर चमन तेवतिया कहते हैं कि कब्ज़ा किये आने की शिकायत मिल चुकी है| विभाग ने नोटिस चस्पा करके निर्माण कार्य को रुकवा दिया है|

सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा, सो रहे अफसर




