नीरज सिसौदिया, बरेली
फरीदपुर विधानसभा सीट पर 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर समाजवादी पार्टी के संभावित दावेदारों की सक्रियता अब जमीन पर दिखाई देने लगी है। दो बार ब्लॉक प्रमुख रह चुके और आगामी विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी के टिकट के प्रबल दावेदार माने जा रहे चंद्रसेन सागर ने फरीदपुर में व्यापक जनसंपर्क अभियान की तैयारी शुरू कर दी है। सागर 21 अगस्त से ‘सरदार वल्लभ भाई पटेल संदेश यात्रा’ निकालेंगे। खास बात यह है कि इस यात्रा को केवल पटेल के विचारों तक सीमित नहीं रखा गया है, बल्कि इसमें विभिन्न जातियों, वर्गों, धर्मों और सामाजिक परंपराओं से जुड़े महापुरुषों के संदेशों को शामिल किया गया है। यात्रा के दौरान चंद्रसेन सागर स्वयं जनता के बीच जनसंवाद भी करेंगे।
कार्यक्रम के मुताबिक, संदेश यात्रा 21 अगस्त 2026 को फरीदपुर विधानसभा क्षेत्र के ग्राम मिर्जापुर से शुरू होगी। यहां से यात्रा फैजनगर होते हुए मैकपुर, महेशपुर, सुन्हा, बहादुरापुर, रावल कलां, दौलतपुर, करैना, खरदाह ई गजनेरा, बजरिया, अदीनापुर, अंगदपुर, खमरिया और अहिरौला तक पहुंचेगी। इसके बाद 23 अगस्त को संदेश यात्रा दोबारा भुता से शुरू की जाएगी। इस तरह अभियान को फरीदपुर विधानसभा क्षेत्र के अलग-अलग हिस्सों तक ले जाने की योजना बनाई गई है।
अखिलेश यादव की नीतियों से जोड़कर सर्वसमाज का संदेश
चंद्रसेन सागर की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को सभी जातियों और धर्मों के महान नेताओं एवं समाज सुधारकों का सम्मान करने वाला नेता बताते हुए कहा गया है कि उन्हीं की नीतियों और कार्यशैली का अनुसरण करते हुए यह यात्रा निकाली जा रही है।
राजनीतिक तौर पर देखें तो यह अभियान चंद्रसेन सागर की उस रणनीति का संकेत देता है, जिसमें वह फरीदपुर के अलग-अलग सामाजिक समूहों तक पहुंच बनाने की कोशिश कर रहे हैं। यात्रा में जिन महापुरुषों और सामाजिक नायकों को शामिल किया गया है, उनकी सूची काफी व्यापक है। इससे साफ है कि अभियान को किसी एक जातीय या सामाजिक वर्ग तक सीमित रखने के बजाय सर्वसमाज से संवाद स्थापित करने की कोशिश की जा रही है।
परशुराम से मिहिर भोज और कर्पूरी ठाकुर तक
संदेश यात्रा के मुख्य आकर्षणों में ऋषि परशुराम, सम्राट राजा मिहिर भोज गुर्जर, महाराजा दक्ष प्रजापति, महारानी अवंतीबाई, महर्षि कश्यप, सम्राट जाटव वीर, महारानी होल्कर बाई, संत गोडसे महाराज और साहू महाराज को शामिल किया गया है।
इसके अलावा समाजवादी विचारधारा से जुड़े समाजवादी नेता कर्पूरी ठाकुर और पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय मुलायम सिंह यादव की नीतियों को भी जनता के बीच रखने की बात कही गई है। फरीदपुर के पूर्व विधायक स्वर्गीय डॉ. सियाराम सागर के विकास कार्यों को भी यात्रा के दौरान जनता के सामने रखने की योजना है।
इतिहास और सामाजिक चेतना से जुड़े अन्य प्रमुख नामों में महाराणा प्रताप सिंह, महाराजा अग्रसेन, महाराज चित्रगुप्त और सम्राट अशोक को भी शामिल किया गया है। इस विस्तृत सूची के जरिए चंद्रसेन सागर अलग-अलग समुदायों और सामाजिक समूहों के महापुरुषों को एक साझा राजनीतिक-सामाजिक संदेश से जोड़ने की कोशिश करते नजर आ रहे हैं।
मुस्लिम और सिख समाज तक भी पहुंच का प्रयास
चंद्रसेन सागर की प्रस्तावित यात्रा में मुस्लिम और सिख समाज से जुड़े धार्मिक एवं सामाजिक महापुरुषों को भी प्रमुखता दी गई है। प्रेस विज्ञप्ति में सुन्नी समाज के पूज्यनीय आला हजरत, सूफी संत मुन्ने मियां साहब और अन्य सूफी संतों के संदेशों को जनता तक पहुंचाने की बात कही गई है। वहीं गुरु नानक देव जी के विचारों को भी यात्रा का हिस्सा बनाया गया है।
इस लिहाज से यात्रा का संदेश सिर्फ राजनीतिक नहीं, बल्कि सामाजिक समावेश की दिशा में भी रखा गया है। चंद्रसेन सागर का दावा है कि यात्रा के माध्यम से अलग-अलग समाजों के महापुरुषों के विचार और संदेश जनता तक पहुंचाए जाएंगे।
पीडीए सरकार के वादों को भी जनता तक पहुंचाएंगे
यात्रा के दौरान समाजवादी पार्टी की भविष्य की राजनीतिक योजनाओं को भी जनता के बीच रखने की तैयारी है। प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक, चंद्रसेन सागर अखिलेश यादव की पीडीए नीति और समाजवादी पार्टी की सरकार बनने के बाद जनता को मिलने वाली सुविधाओं के बारे में विस्तार से जानकारी देंगे।
यानी एक तरफ यात्रा के जरिए सामाजिक और ऐतिहासिक प्रतीकों को साधने की कोशिश होगी, वहीं दूसरी ओर समाजवादी पार्टी की आगामी राजनीतिक योजनाओं और पीडीए के एजेंडे को भी गांव-गांव पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।
यात्रा के साथ होगा सीधा जनसंवाद
इस अभियान की सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि चंद्रसेन सागर केवल यात्रा निकालकर आगे बढ़ने के बजाय स्थानीय जनता के साथ सीधे जनसंवाद भी करेंगे। प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि अलग-अलग स्थानों पर प्रिय सम्मानित जनता के साथ चंद्रसेन सागर स्वयं संवाद करेंगे।
दो बार ब्लॉक प्रमुख रह चुके चंद्रसेन सागर के लिए यह अभियान विधानसभा स्तर पर अपनी राजनीतिक पहचान और जनाधार को मजबूत करने का महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है। फरीदपुर विधानसभा सीट से 2027 में समाजवादी पार्टी के टिकट के प्रबल दावेदार के तौर पर उनकी सक्रियता पहले से ही चर्चा में है। ऐसे में गांव-गांव पहुंचने वाली यह यात्रा उनकी दावेदारी को और धार देने की कोशिश के रूप में देखी जा रही है।
टिकट की दावेदारी के बीच बड़ा राजनीतिक संदेश
2027 के विधानसभा चुनाव में अभी समय है, लेकिन फरीदपुर में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो चुकी हैं। ऐसे माहौल में चंद्रसेन सागर ने जिस तरह अलग-अलग सामाजिक समूहों के महापुरुषों को अपनी यात्रा के केंद्र में रखा है, उससे उनकी राजनीतिक रणनीति का संकेत मिलता है। वह अपने पुराने संगठनात्मक अनुभव और ग्रामीण क्षेत्र में संपर्क को विधानसभा स्तर पर विस्तार देने की कोशिश कर रहे हैं।
‘सरदार वल्लभ भाई पटेल संदेश यात्रा’ इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि इसके जरिए चंद्रसेन सागर एक साथ तीन संदेश देने की कोशिश कर रहे हैं—सर्वसमाज से संवाद, समाजवादी पार्टी की विचारधारा और 2027 के लिए अपनी सक्रिय राजनीतिक मौजूदगी। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि 21 अगस्त से शुरू होने वाली यह यात्रा फरीदपुर के राजनीतिक माहौल में कितना प्रभाव पैदा करती है और चंद्रसेन सागर अपनी जनसंवाद की इस मुहिम के जरिए समाजवादी पार्टी के भीतर अपनी टिकट की दावेदारी को कितनी मजबूती दे पाते हैं।




