नीरज सिसौदिया, बरेली
बरेली में पहली बार विराट हिन्दू सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। यह सम्मेलन रविवार, एक फरवरी को शहर में आयोजित होगा। इस आयोजन को लेकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और उससे जुड़े कार्यकर्ताओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। सम्मेलन का उद्देश्य हिन्दू समाज को एकजुट करना, आपसी भेदभाव को समाप्त करना और समाज में जागरूकता बढ़ाना बताया जा रहा है।
इस संबंध में जानकारी देते हुए बरेली के संघ चालक डॉक्टर सतपाल जी ने बताया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की ओर से देश के विभिन्न हिस्सों में विराट हिन्दू सम्मेलनों का आयोजन किया जा रहा है। इसी क्रम में अब बरेली में भी पहला विराट हिन्दू सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि समाज को संगठित करना और सामाजिक समरसता को मजबूत करना संघ का मुख्य उद्देश्य है, और यह सम्मेलन उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
डॉक्टर सतपाल जी ने बताया कि आज के समय में समाज में कई तरह की सामाजिक दूरियां और भेदभाव देखने को मिलते हैं। ऐसे में इस तरह के आयोजन समाज को एक मंच पर लाने और आपसी भाईचारे को मजबूत करने में मदद करते हैं। विराट हिन्दू सम्मेलन के माध्यम से लोगों को यह संदेश दिया जाएगा कि हिन्दू समाज एक है और उसे संगठित होकर आगे बढ़ना चाहिए।

विराट हिन्दू सम्मेलन की तैयारियों को लेकर रविवार को एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। यह बैठक वार्ड संख्या 23 इंदिरा नगर, राजेंद्र नगर के पार्षद सतीश चंद्र सक्सेना कातिब उर्फ मम्मा के निवास स्थित कैंप कार्यालय पर हुई। बैठक में कार्यक्रम की पूरी रूपरेखा तैयार की गई और आयोजन को सफल बनाने के लिए जिम्मेदारियां तय की गईं।
इस बैठक में संघ और भाजपा से जुड़े कई वरिष्ठ कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी ने मिलकर कार्यक्रम को भव्य और व्यवस्थित बनाने पर विचार-विमर्श किया। बैठक में यह तय किया गया कि सम्मेलन में अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए, ताकि इसका संदेश समाज के हर वर्ग तक पहुंचे। पहले विराट हिन्दू सम्मेलन में लगभग 2000 से भी अधिक लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।
वरिष्ठ भाजपा पार्षद सतीश चंद्र सक्सेना कातिब उर्फ मम्मा ने बताया कि विराट हिन्दू सम्मेलन का आयोजन सावरकर नगर क्षेत्र में स्थित वीर छत्रपति शिवाजी चौक, पुरानाशील अस्पताल चौराहे पर किया जाएगा। सम्मेलन एक फरवरी को दोपहर एक बजे शुरू होगा। इस स्थान को इसलिए चुना गया है ताकि आसपास के क्षेत्रों से अधिक संख्या में लोग आसानी से सम्मेलन में शामिल हो सकें।
मम्मा ने बताया कि यह सम्मेलन बरेली के लिए ऐतिहासिक होगा, क्योंकि यह शहर का पहला विराट हिन्दू सम्मेलन है। उन्होंने कहा कि समाज को एकजुट करने के लिए इस तरह के आयोजनों की आज बहुत आवश्यकता है। सम्मेलन में हिन्दू समाज की एकता, संस्कृति और परंपराओं पर चर्चा की जाएगी।

इस विराट हिन्दू सम्मेलन के आयोजन की जिम्मेदारी वरिष्ठ भाजपा नेता गुलशन आनंद को सौंपी गई है। वह इस कार्यक्रम के संयोजक बनाए गए हैं। उनके साथ पार्षद सतीश चंद्र सक्सेना कातिब उर्फ मम्मा और अभय भटनागर सहसंयोजक की भूमिका निभा रहे हैं।
सभी पदाधिकारी और कार्यकर्ता पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ सम्मेलन की तैयारियों में जुटे हुए हैं। आयोजन स्थल की व्यवस्था, लोगों को आमंत्रित करने, मंच, ध्वनि व्यवस्था और सुरक्षा जैसी सभी व्यवस्थाओं पर ध्यान दिया जा रहा है, ताकि कार्यक्रम शांतिपूर्ण और सफल तरीके से संपन्न हो सके।
बैठक के बाद एक सामाजिक कार्य भी किया गया। वार्ड संख्या 23 इंदिरा नगर के सफाई कर्मचारियों को कंबल वितरित किए गए। इस अवसर पर पार्षद मम्मा ने कहा कि समाज के हर वर्ग का सम्मान करना और उनकी जरूरतों का ध्यान रखना हमारी जिम्मेदारी है। सफाई कर्मचारी शहर की स्वच्छता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और उनके लिए यह छोटा सा प्रयास सम्मान का प्रतीक है।

संघ चालक डॉक्टर सतपाल जी ने कहा कि विराट हिन्दू सम्मेलन किसी व्यक्ति या संगठन विशेष के लिए नहीं, बल्कि पूरे समाज के लिए है। इसका उद्देश्य लोगों को जोड़ना, उनमें आपसी समझ बढ़ाना और सामाजिक समरसता को मजबूत करना है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे अधिक से अधिक संख्या में सम्मेलन में शामिल हों और समाज को एकजुट करने के इस प्रयास का हिस्सा बनें।

उन्होंने यह भी कहा कि हिन्दू समाज की ताकत उसकी एकता में है। जब समाज संगठित होता है, तो वह हर चुनौती का सामना कर सकता है। ऐसे आयोजनों से समाज को अपनी सांस्कृतिक जड़ों और सामाजिक जिम्मेदारियों की याद दिलाई जाती है।
बरेली में होने वाला यह पहला विराट हिन्दू सम्मेलन शहर के सामाजिक और सांस्कृतिक जीवन में एक नया अध्याय जोड़ने जा रहा है। आयोजकों का कहना है कि यह सम्मेलन आने वाले समय में और बड़े सामाजिक आयोजनों की नींव रखेगा। सम्मेलन के माध्यम से समाज में सकारात्मक संदेश जाएगा और लोगों में जागरूकता बढ़ेगी।

इस तरह, एक फरवरी को बरेली में होने वाला विराट हिन्दू सम्मेलन न केवल एक कार्यक्रम होगा, बल्कि समाज को जोड़ने और जागरूक करने का एक महत्वपूर्ण प्रयास भी साबित होगा। आयोजकों को उम्मीद है कि शहर के लोग बढ़-चढ़कर इसमें भाग लेंगे और इसे सफल बनाएंगे।





