नीरज सिसौदिया, बरेली
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों के बीच समाजवादी पार्टी ने संगठन को सक्रिय करने के साथ ही टिकट चयन की प्रक्रिया भी तेज कर दी है। प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल के बरेली दौरे ने इस बात के साफ संकेत दिए कि पार्टी इस बार जमीनी फीडबैक के आधार पर उम्मीदवारों के चयन की रणनीति पर काम कर रही है। मंगलवार देर रात बरेली पहुंचने पर सर्किट हाउस में प्रदेश अध्यक्ष से मिलने के लिए पार्टी नेताओं और टिकट के दावेदारों का तांता लग गया। देर रात तक चले इस मुलाकात के दौर में नेताओं ने न केवल उनका स्वागत किया, बल्कि अपनी-अपनी विधानसभा सीटों की राजनीतिक स्थिति और संगठन की गतिविधियों की भी जानकारी दी।
सर्किट हाउस पहुंचते ही प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल का पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं ने गर्मजोशी से स्वागत किया। सबसे अधिक सक्रियता उन नेताओं में दिखाई दी, जो आगामी विधानसभा चुनाव में टिकट के प्रबल दावेदार माने जा रहे हैं। सभी दावेदारों ने अलग-अलग तरीके से प्रदेश अध्यक्ष का स्वागत कर उनके सामने अपनी सक्रियता और संगठन के प्रति प्रतिबद्धता का संदेश देने का प्रयास किया।

कैंट सीट के दावेदारों ने दिखाई सक्रियता
बरेली कैंट विधानसभा सीट से टिकट की दौड़ में शामिल नेताओं ने प्रदेश अध्यक्ष से मुलाकात कर अपनी मौजूदगी प्रभावी ढंग से दर्ज कराई। वरिष्ठ सपा नेता डॉ. अनीस बेग ने प्रदेश अध्यक्ष को विशाल फूलमाला और शॉल पहनाकर उनका सम्मान किया। वहीं पूर्व विधानसभा प्रत्याशी राजेश अग्रवाल, वरिष्ठ नेता संजीव सक्सेना और इंजीनियर अनीस अहमद खां ने उन्हें बुके भेंट कर स्वागत किया। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इन मुलाकातों के जरिए सभी दावेदारों ने प्रदेश नेतृत्व के सामने अपनी सक्रियता और संगठन में पकड़ का संदेश देने की कोशिश की।
कैंट विधानसभा सीट समाजवादी पार्टी के लिए इस बार महत्वपूर्ण मानी जा रही है। ऐसे में प्रदेश अध्यक्ष के दौरे को टिकट की दौड़ में शामिल नेताओं के लिए अपनी दावेदारी मजबूत करने का अवसर भी माना गया।

हसीव खान ने संभाली व्यवस्थाओं की कमान
बरेली शहर विधानसभा अध्यक्ष और शहर सीट से टिकट के प्रबल दावेदार हसीव खान भी पूरे कार्यक्रम के दौरान खासे सक्रिय नजर आए। उन्होंने न केवल प्रदेश अध्यक्ष का भव्य स्वागत किया, बल्कि सर्किट हाउस में उनके जलपान और अन्य व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी भी संभाली। पार्टी नेताओं का कहना है कि हसीव खान ने संगठनात्मक जिम्मेदारी निभाते हुए प्रदेश अध्यक्ष के प्रवास को सुचारु बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
राजनीतिक हलकों में इसे भी उनकी संगठनात्मक सक्रियता के रूप में देखा जा रहा है। शहर विधानसभा सीट पर भी कई नेता टिकट की दावेदारी कर रहे हैं, ऐसे में प्रदेश अध्यक्ष के सामने अपनी कार्यशैली और संगठन क्षमता प्रदर्शित करना महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

नेताओं ने रखा बरेली की राजनीति का पूरा ब्यौरा
स्वागत कार्यक्रम के दौरान प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल ने विभिन्न नेताओं से अलग-अलग बातचीत भी की। नेताओं ने उन्हें जिले की सभी प्रमुख विधानसभा सीटों की राजनीतिक स्थिति, संगठन की मजबूती, बूथ स्तर की तैयारियों और स्थानीय समीकरणों से अवगत कराया। माना जा रहा है कि प्रदेश नेतृत्व आगामी चुनाव की रणनीति तैयार करने के लिए लगातार जिलों से जमीनी फीडबैक जुटा रहा है।
प्रदेश अध्यक्ष ने नेताओं से संगठन विस्तार, बूथ कमेटियों की सक्रियता और पीडीए (पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक) सामाजिक समीकरण को मजबूत करने पर भी चर्चा की।
वरिष्ठ नेताओं ने भी की मुलाकात
प्रदेश अध्यक्ष से मुलाकात करने वालों में पूर्व मंत्री एवं पूर्व सांसद प्रवीण सिंह ऐरन, पूर्व मंत्री और प्रदेश महासचिव अता उर रहमान, महानगर अध्यक्ष शमीम खां सुल्तानी, जिला अध्यक्ष शुभलेश यादव सहित पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी शामिल रहे। सभी नेताओं ने प्रदेश अध्यक्ष का स्वागत करते हुए आगामी चुनाव को लेकर संगठन की तैयारियों पर चर्चा की।

श्यामलाल पाल का बरेली दौरा केवल औपचारिक संगठनात्मक कार्यक्रम नहीं था, बल्कि यह आगामी विधानसभा चुनाव के लिए जमीनी हकीकत जानने और टिकट के दावेदारों की सक्रियता परखने का भी अवसर था। जिस तरह बड़ी संख्या में दावेदार और वरिष्ठ नेता उनसे मिलने पहुंचे, उससे साफ है कि पार्टी के भीतर टिकट को लेकर हलचल तेज हो चुकी है।
बरेली में प्रदेश अध्यक्ष की मौजूदगी ने यह भी संकेत दिया है कि समाजवादी पार्टी इस बार उम्मीदवार चयन में स्थानीय संगठन, कार्यकर्ताओं की राय और दावेदारों की सक्रियता को महत्वपूर्ण आधार बनाने की दिशा में आगे बढ़ रही है। ऐसे में आने वाले महीनों में बरेली की सभी विधानसभा सीटों पर राजनीतिक गतिविधियां और तेज होने की संभावना है।




