नीरज सिसौदिया, बरेली
सर्वजन आम पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री जयप्रकाश भास्कर फरीदपुर स्थित पार्टी कार्यालय से दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे धरना-प्रदर्शन के समर्थन में सैकड़ों पार्टी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं के साथ रवाना हुए। इसी दौरान फरीदपुर पुलिस ने भारी पुलिस बल के साथ उनके काफिले को रास्ते में रोक लिया।

पार्टी कार्यकर्ताओं ने शांतिपूर्ण ढंग से अपना विरोध दर्ज कराया। इस दौरान राष्ट्रीय अध्यक्ष जयप्रकाश भास्कर ने कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखना और जनहित के मुद्दों पर आवाज़ उठाना प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक अधिकार है। उन्होंने कहा कि सर्वजन आम पार्टी जनता के अधिकारों और जनसमस्याओं को लेकर अपना संघर्ष निरंतर जारी रखेगी।

राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि जंतर-मंतर पर चल रहे आंदोलन के दौरान सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को प्रशासन द्वारा अनशन स्थल से बलपूर्वक हटाए जाने की घटना लोकतांत्रिक मूल्यों पर गंभीर प्रश्न खड़े करती है। उन्होंने कहा कि किसी भी शांतिपूर्ण आंदोलन से इस प्रकार निपटना उचित नहीं माना जा सकता और सरकार को संवाद के माध्यम से समाधान निकालना चाहिए।

उन्होंने केंद्र सरकार से सवाल करते हुए कहा कि यदि देशभर से विभिन्न वर्गों के लोग इस जन आंदोलन का समर्थन कर रहे हैं, तो सरकार जनभावनाओं को गंभीरता से क्यों नहीं ले रही है। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था से जुड़े उठ रहे सवालों पर सरकार को स्पष्ट जवाब देना चाहिए और यदि आवश्यक हो तो जवाबदेही भी तय करनी चाहिए। उन्होंने यह भी प्रश्न उठाया कि आखिर ऐसी क्या मजबूरी है कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से जवाबदेही तय करने या उनके इस्तीफे की मांग पर सरकार कोई निर्णय लेने से बचती दिखाई दे रही है।

जयप्रकाश भास्कर ने कहा कि लोकतंत्र में जनता की आवाज़ को दबाने के बजाय उसका सम्मान होना चाहिए। सर्वजन आम पार्टी जनहित, सामाजिक न्याय और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक तरीके से अपना संघर्ष आगे भी जारी रखेगी।




